अदाणी समूह (Adani Group) अब केवल भारत में ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी अपनी पहचान मजबूत कर रहा है। कभी मध्यप्रदेश तो कभी उत्तरप्रदेश में बड़े ऑर्डर हासिल करने वाली अदाणी पावर (Adani Power) ने अब हिमालयी देश भूटान में अहम उपलब्धि दर्ज की है। कंपनी ने भूटान की सरकारी कंपनी ड्रुक ग्रीन पावर कॉरपोरेशन (DGPC) के साथ मिलकर 570 मेगावाट की वांगचू जलविद्युत परियोजना (Wangchu Hydropower Project) स्थापित करने के लिए समझौता किया है।
6000 करोड़ रुपये का होगा निवेश
इस परियोजना पर लगभग 6000 करोड़ रुपये (60 अरब रुपये) का निवेश किया जाएगा। यह प्रोजेक्ट बिल्ड–ओन–ऑपरेट–ट्रांसफर (BOOT) मॉडल पर तैयार किया जाएगा। इसके तहत परियोजना का निर्माण, संचालन और एक निश्चित अवधि के बाद हस्तांतरण किया जाएगा। रिपोर्ट तैयार हो चुकी है और निर्माण कार्य 2026 की पहली छमाही तक शुरू होने की उम्मीद है।
बिजली आपूर्ति: भूटान और भारत दोनों को फायदा
वांगचू जलविद्युत परियोजना से दोहरे लाभ मिलेंगे।
- सर्दियों में यह बिजली भूटान की घरेलू मांग को पूरा करेगी।
- गर्मियों में भारत को निर्यात किया जाएगा।
यह समझौता दोनों देशों के ऊर्जा सहयोग को नई ऊँचाई पर ले जाएगा।
समझौते पर बड़े नेताओं की मौजूदगी
इस ऐतिहासिक करार पर हस्ताक्षर के दौरान भूटान के प्रधानमंत्री दाशो शेरिंग तोबगे (D Tshering Tobgay) और अदाणी समूह के चेयरमैन गौतम अदाणी (Gautam Adani) मौजूद रहे। साथ ही, भूटान की शाही सरकार ने भी इस प्रोजेक्ट के लिए आवश्यक छूट और समर्थन प्रदान किया है।
अदाणी पावर की बड़ी उपलब्धि
इस परियोजना के शिलान्यास के पांच सालों के भीतर पूरा होने का लक्ष्य है। इसे अदाणी पावर की विदेशों में बढ़ती मौजूदगी का बड़ा संकेत माना जा रहा है। नवीकरणीय ऊर्जा संयंत्र और इससे जुड़े बुनियादी ढांचे की स्थापना से न केवल भूटान बल्कि भारत की ऊर्जा जरूरतें भी पूरी होंगी।

