मिस वर्ल्ड 1999 युक्ता मुखी: सुंदरता, आत्मविश्वास और संघर्ष की मिसाल

फ्लॉप करियर के बाद गुमनामी में ...

भारत को गौरवान्वित करने वाली और विश्व सौंदर्य मंच पर देश का परचम लहराने वाली युक्ता मुखी का नाम आज भी लोग गर्व से याद करते हैं। उन्होंने 1999 में मिस वर्ल्ड का खिताब जीतकर न सिर्फ भारत को गर्व का पल दिया, बल्कि लाखों लड़कियों के लिए प्रेरणा बन गईं।

शुरुआत और मिस वर्ल्ड तक का सफर

युक्ता मुखी का जन्म 7 अक्टूबर 1979 को बेंगलुरु, कर्नाटक में हुआ था। उनकी पढ़ाई नागपुर से हुई, और उन्होंने आईटी में भी रुचि दिखाई। मगर उनकी किस्मत उन्हें मॉडलिंग और फिर अंतरराष्ट्रीय मंच तक ले गई। 1999 में मिस इंडिया वर्ल्ड का खिताब जीतने के बाद वे लंदन में आयोजित मिस वर्ल्ड प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करने पहुंचीं और अपने आत्मविश्वास, बुद्धिमत्ता और सौंदर्य से पूरी दुनिया को प्रभावित करते हुए मिस वर्ल्ड 1999 का ताज अपने नाम किया।

फिल्मों में करियर

मिस वर्ल्ड बनने के बाद युक्ता ने फिल्मों की ओर रुख किया। उन्होंने कुछ हिंदी फिल्मों में काम किया जैसे: “प्यार दीवाना होता है” (गोविंदा के साथ) “लव इन जापान” इसके अलावा उन्होंने तमिल और कन्नड़ फिल्मों में भी काम किया। हालांकि उनका फिल्मी करियर बहुत लंबा नहीं चला, लेकिन वे हमेशा चर्चा में बनी रहीं।

निजी जीवन और संघर्ष

युक्ता मुखी ने 2008 में प्रिंस तुली से शादी की, लेकिन यह शादी ज्यादा समय तक नहीं चल सकी। 2013 में उन्होंने घरेलू हिंसा का आरोप लगाते हुए तलाक की अर्जी दी। उन्होंने हिम्मत के साथ अपने अनुभव को सामने रखा और कई महिलाओं को अपनी आवाज़ उठाने के लिए प्रेरित किया।

सामाजिक कार्यों से जुड़ाव

युक्ता मुखी हमेशा महिलाओं के सशक्तिकरण और बेटियों की शिक्षा के लिए काम करती रही हैं। उन्होंने कई सार्वजनिक मंचों पर महिलाओं के हक़ की बात की है और समाज में बदलाव लाने की कोशिश की है। युक्ता मुखी सिर्फ एक सुंदर चेहरा नहीं, बल्कि एक मजबूत इरादों वाली महिला हैं, जिन्होंने जीवन में हर चुनौती का डटकर सामना किया।